
रांची : झारखंड सरकार ने आम जनता के स्वास्थ्य हित को ध्यान में रखते हुए बड़ा फैसला लिया है। राज्यभर में 700 “अबुआ मेडिकल स्टोर” खोले जाएंगे। इन स्टोर्स के जरिए गरीब और जरूरतमंद मरीजों को मुफ्त दवाइयाँ उपलब्ध कराई जाएंगी।
स्वास्थ्य विभाग का कहना है कि इस योजना से न केवल आर्थिक रूप से कमजोर लोगों को राहत मिलेगी बल्कि ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में सस्ती व समय पर दवा उपलब्ध कराने की समस्या भी दूर होगी।
सरकार का लक्ष्य है कि राज्य के हर जिले और प्रखंड में चरणबद्ध तरीके से ये स्टोर शुरू किए जाएँ, ताकि अधिक से अधिक लोग इसका लाभ उठा सकें।
मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने कहा कि सरकार की प्राथमिकता राज्य के सुदूर इलाकों तक दवाइयां पहुंचाना है ताकि इलाज के अभाव में किसी गरीब की जान न जाए। उन्होंने इस पहल को गरीबों और जरूरतमंद परिवारों के सशक्तीकरण की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया। डॉ. इरफान अंसारी ने मुख्यमंत्री की दूरदर्शी सोच की प्रशंसा करते हुए कहा कि यह योजना गरीबों को मजबूत बनाएगी और दवा के अभाव में किसी की जान नहीं जाएगी।
राज्य में 17 सितंबर से 2 अक्टूबर तक चलेगी ‘स्वस्थ नारी-सशक्त परिवार अभियान’
यह घोषणा उस समय हुई जब राज्य में 17 सितंबर से 2 अक्टूबर तक चलने वाले ‘स्वस्थ नारी-सशक्त परिवार अभियान’ की तैयारियां जोरों पर हैं। इस अभियान का शुभारंभ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी मध्यप्रदेश के इंदौर से करेंगे, जबकि झारखंड में पंचायत स्तर से लेकर मेडिकल कॉलेज तक स्वास्थ्य शिविर लगाए जाएंगे। इसमें महिलाओं और किशोरियों के स्वास्थ्य पर विशेष ध्यान दिया जाएगा।
अभियान के तहत ब्लड डोनेशन, बीपी, शुगर और कैंसर जैसी बीमारियों की मुफ्त जांच की जाएगी। साथ ही महिलाओं को पोषण और आहार से जुड़ी जानकारी दी जाएगी। मौके पर ही आभा कार्ड, आयुष्मान कार्ड और दिव्यांग कार्ड भी बनाए और वितरित किए जाएंगे। बैठक में स्वास्थ्य सचिव अजय कुमार सिंह और एनएचएम निदेशक शशि प्रकाश झा भी मौजूद थे। मुख्यमंत्री ने खुद इस कार्यक्रम में शामिल होने का निमंत्रण स्वीकार किया है।







