जज ने कहा कि अगर गुआन को चीन वापस भेजा गया तो उन्हें जान का खतरा हो सकता है।
बीबीसी की रिपोर्ट के अनुुसार, गुआन हेंग ने शिनजियांग इलाके में हो रहे मानवाधिकार उल्लंघन को उजागर किया था। उसने 2020 में हिरासत केंद्रों की छुपकर फिल्म बनाई थी। गुआन 2021 में गैरकानूनी तरीके से अमेरिका पहुंचा था।
अगस्त 2025 में उसे हिरासत में ले लिया गया। मानवाधिकार समूहों का कहना है कि शिनजियांग में दस लाख से ज्यादा उइगर मुसलमानों और अल्पसंख्यकों को बिना किसी कानूनी प्रक्रिया के जबरदस्ती बंदी बनाकर रखा गया है।
चीन में उइगर मुसलमान अपने अस्तित्व के लिए लंबे समय से संघर्ष कर रहे हैं। चीनी सरकार ने 2014 से सरकारी नौकरी करने वाले उइगर मुसलमानों के सार्वजनिक जगहों पर नमाज पढ़ने और दाढ़ी रखने पर पाबंदी लगाई हुई है।

for more latest news read ucfindianews
Post Views: 11







